Wednesday, April 15, 2020

परमेश्वर को स्वीकार्य दान [OFFERING]



गिनती 15 अध्याय से अध्ययन

👉परमेश्वर के वचन का पालन करें और उसकी आज्ञाओं का तिरस्कार करें [Obey] (31)
👉अपने दिल और आँखों की अभिलाषा का पीछा करें [Follow Not] (39)
👉हर बात में पहले प्रभु को खोजें और धन्यवाद दें [First Seek God] (21,19)
👉सभी लोगों के साथ समान व्यवहार करें [Equally Treat] (16)
👉मनफिरायें और पापों के लिए पुनर्स्थापन करें [Repent] (22,27)
👉दल, परिवार और समुदाय में समान पारस्परिक जवाबदेही [Impart Accountability] (26,32-34)
👉पवित्रता में कभी समझौता करें और हमेशा परमेश्वर के प्रभुता के तले रहें [Never Compromise] (40,41)
👉परमेश्वर की अगुवाई के अनुसार और परमेश्वर को प्रसन्न करने के लिए दें [Give] (3)

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